Informal Letter Format in Hindi,अनौपचारिक पत्र लेखन
Informal Letter Format in Hindi,अनौपचारिक पत्र लेखन

Informal Letter Format in Hindi,अनौपचारिक पत्र लेखन

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नमस्कार दोस्तों आज हमारी पोस्ट के माध्यम से आपको अनौपचारिक पत्र लेखन प्रारूप के बारे में पूरी जानकारी देने वाले हैं। Informal Letter क्या होता हैं, Informal Letter Format कैसा होता हैं ? अगर आपको इसके बारे में कोई विशेष जानकारी नहीं है, तो आप हमारे इस आर्टिकल को ध्यान पूर्वक पढ़ते रहिए। 

हम आपको हमारी हम इस पोस्ट के माध्यम से Informal Letter Format in Hindi,अनौपचारिक पत्र लेखन के बारे में संपूर्ण जानकारी प्रदान करने वाले हैं।

अनौपचारिक पत्र क्या होता हैं ? What is Informal Letter in Hindi

हिन्दी में Informal Letter को ही अनौपचारिक पत्र कहा जाता हैं। और इसे ही सामान्य भाषा में व्यक्तिगत एंव सामाजिक पत्र भी कहते हैं। आमतौर पर इस प्रकार के पत्र पारिवारिक सदस्यों, मित्रों, व्यक्तिगत संबंधों पर आधारित व्यक्ति को लिखे जा सकते हैं।

अनौपचारिक पत्र आमतौर परअनौपचारिक पत्रों को लिखने के लिये कुछ खास नियमों का पालन नहीं करना पड़ता हैं। इस प्रकार के पत्रों का विषय आमतौर पर बधाई, धन्यवाद, निमंत्रण, कुशल-मंगल पूछना आदि होता हैं।

अनौपचारिक पत्र प्रारूप कैसा होता हैं ? Informal Letter Format in Hindi

जैसा कि हम सभी जानते हैं,पत्र लेखन एक कला हैं। अनौपचारिक पत्र का प्रारूप बहुत सरल होता हैं। नीचे दिये गये Letter Format को देखकर आप आसानी से किसी को भी एक informal letter लिख सकते हैं।

सबसे पहले एक कागज के बायीं तरफ शीर्ष में जो व्यक्ति पत्र भेज रहा हैं,वह खुद का वर्तमान पता लिखता हैं।

उसके बाद कुछ लाइन छोड़कर फिर बायीं तरफ संबोधन शब्दों का इस्तेमाल किया जाता हैं। इसमें जिस व्यक्ति को पत्र भेजा जा रहा हैं उसके नाम के आगे कुछ संबोधन शब्दों को जोड़कर लिखा जाता हैं,जैसे प्यारे चाचा जी,आदरणीय पिता जी,प्रिय मुकेश आदि।

उसके बाद पत्र की शुरुवात की जाती हैं। पत्र से संबंधित संदर्भ को दो से चार पहरों में लिखा जाता हैं।

पत्र में सभी आवश्यक बातें लिखने के बाद शिष्टतासूचक शब्दों के साथ समापन किया जाता हैं। जैसे तुम्हारा भाई,आपका शुभचिंतक आदि

अंत में पत्र को भेजने वाले का नाम लिखा जाता हैं।

नाम के नीचे चाहे तो मोबाइल नंबर,पता लिख सकते हैं।

इस प्रकार आसानी से एक अनौपचारिक पत्र को बिना किसी परेशानी के लिखा जा सकता हैं। आप  Informal Letter Format को भी देख सकते हैं।

 

Informal Letter Format in Hindi – अनौपचारिक पत्र लेखन से संबंधित कुछ उदाहरण

इस पोस्ट में हम आपके साथ कुछ Sample Informal Letter Format भी शेयर कर रहे हैं, जिसके द्वारा आप और बेहतर तरीके से सीख सकते हैं कि, एक अनौपचारिक हिन्दी पत्र कैसे लिखा जाता हैं।

1 – मित्र को जन्मदिन की बधाई देने के लिये पत्र ( Hindi Informal Letter For Congratulation )

वार्ड संख्या 10,

उत्तम नगर

डी ब्लॉक,उदयपुर

प्रिय मित्र मुकेश,

नमस्ते ,कैसे हो प्यारे मित्र। ईश्वर से कामना करता हूँ कि,तुम और तुम्हारा परिवार सब कुशल मंगल होंगे। तुम्हारे माता-पिता को मेरी तरफ से प्रणाम करना। मित्र,अगले सप्ताह तुम्हारा जन्मदिन आने वाला हैं। इस मौके पर मैं तुम्हें अग्रिम बधाई देता हूँ। इस पत्र के माध्यम से मैं तुम्हे सबसे पहले जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएँ भेज रहा हूँ।

तुम्हारे जन्मदिन के मौके पर मैं ईश्वर से प्राथना करता हूँ कि तुम्हें जिंदगी की हर एक खुशी मिले और तुम अपने परिवार के साथ हमेशा खुश रहों। इस खुशी के मौके पर मैं तुमसे मिलने के लिये आने वाला हूँ,मैंने तुम्हारे लिये एक विशेष उपहार भी खरीदा हैं। मुझे उम्मीद है कि,यह उपहार तुम्हें जरूर पसंद आयेगा।

तुम्हारा मित्र

रामकेश कुमार

2 – तुम्हारे जन्मदिन के मौके पर अंकल ने तुम्हें उपहार में कुछ किताबें दी थी। उनको धन्यवाद देने के लिये एक informal letter लिखे।

मकान संख्या 223,

वसंत नगर,ए ब्लॉक

एफ़सीआई कालोनी,बीकानेर

चरणस्पर्श अंकल जी,

मैं कुशल मंगल हूँ और उम्मीद करता हूँ कि,आप और आपका परिवार भी कुशल मंगल होंगे। आंटी जी को मेरी तरफ से प्रणाम और भाई बंटी और बहिन बबली को प्यार। अंकल जी,आपने हमेशा हमारे परिवार का सुख और दुख भरी सभी परिस्थितियों में साथ दिया हैं। इसके लिये मैं आपका हमेशा शुक्रगुजार रहूँगा। बीते सप्ताह मेरे जन्मदिन के मौके पर आपने जो उपहार मुझे दिया था वह मुझे बहुत अच्छा लगा। जन्मदिन की पार्टी में मुझे जो भी उपहार मिले हैं,उन सब में आपका दिया गया उपहार मेरे लिये सबसे कीमती और उपयोगी साबित हुया है।

आपने उपहार के रूप में मुझे जो किताबें दी हैं,उनको पढ़कर मुझे बहुत अच्छा लगा। यह किताबें मेरे लिये एक मार्गदर्शक का कार्य करेंगीं। जब भी मुझे समय मिलता हैं,मैं इन किताबों को पढ़ता हूँ। जैसा की आपको पता हैं कि,मुझे किताबें पढ़ना अच्छा लगता हैं और जन्मदिन के मौके पर उपहार स्वरूप मिली यह किताबें मेरे लिये किसी खजाने से कम नहीं हैं।

मेरे जन्मदिन के मौके पर इतना अच्छा उपहार देने के लिये मैं आपका धन्यवाद अदा करता हूँ।

आपका प्यारा

सरोज कुमार

Informal Letter Hindi में लिखने के दौरान ध्यान रखने योग्य बातें

चूंकि पत्र लेखन एक कला हैं। एक बढ़िया पत्र लिखने के लिये आपकों कुछ बातों को विशेष ध्यान रखना चाहिए जिससे आपका पत्र पढ़ने वाले व्यक्ति को आपका भाव आसानी से समझ में आ जाये। जब आप किसी को एक अनौपचारिक पत्र लिखें तो आपकों कुछ बातों पर ध्यान देना चाहिए जैसे –

पत्र में सरलता होनी चाहिए। पत्र में सरल से सरल शब्दों का इस्तेमाल करता हैं।

पत्र छोटा लिखे। पत्र को ज्यादा बड़ा न लिखे। पत्र में केवल जरूरी बातों को ही स्थान दिया जाता हैं।

पत्र लिखने से पहले यह निर्णय करे कि आपका पत्र किस विषय पर आधारित हैं। उस विषय से जुड़े हुयी बातों को ही पत्र में लिखना चाहिए।

पत्र लिखते समय हमेशा विनम्र रहे। अपशब्दों का इस्तेमाल न करे।

निष्कर्ष

हमने आपको आज के इस आर्टिकल में Informal Letter Writing ( अनौपचारिक पत्र लेखन ) के बारे में बताया है, कि आप हिंदी में अनौपचारिक पत्र लेखन किस प्रकार से कर सकते हैं। इसी प्रकार हिंदी में और अधिक जानकारी पाने के लिए हमारी वेबसाइट के साथ जुड़े रहे।

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